Tuesday, February 13, 2018

मैं जिंदगी का साथ निभाता चला गया


मैं जिंदगी का साथ निभाता चला गया
हर फ़िक्र को धुएं में उडाता चला गया ।

बरबादियों का सोग मानना फ़िज़ूल था,
बरबादियों का जश्न मनाता चला गया ।

जो मिल गया उसी को मुक़द्दर समझ लिया
जो खो गया मैं उसको भुलाता चला गया ।

ग़म और ख़ुशी में फर्क न महसूस हो जहाँ
मैं दिल को उस मुकाम पे लाता चला गया ।

हर फ़िक्र को धुएं में उडाता चला गया ।

[Music : Jaidev;
Singer : Md. Rafi;
Production House : Navketan
Films; Director : Amarjeet;
Actor : Dev Anand]

Tuesday, February 6, 2018

दे भी चुके हम दिल नज़राना

दे भी चुके हम दिल नज़राना दिल का
छोड़ो भी ये राग पुराना दिल का

एक नज़र में हार चुके हैं दिल को
तेरी अदा पे वार चुके हैं दिल को
मुश्किल है अब लौट के आना दिल का
छोड़ो भी ये राग पुराना दिल का

मुंह धो ले ओ जाल बिछाने वाले!
हम नहीं इन बातों में आने वाले
खेल है ये जाना पहचाना दिल का
दे भी चुके हम दिल नज़राना दिल का

छीन के दिल आशिक़ का मुकरने वाले
मर जाएंगे तुझ पर मरने वाले
छोड़ भी दे ज़ालिम तड़पाना दिल का
छोड़ो भी ये राग पुराना दिल का
डाली-डाली फिरते हैं हरजाई
लोभी भंवरों ने कब प्रीत निभाई
यूँ ही सब करते हैं बहाना दिल का
दे भी चुके हम दिल नज़राना दिल का
यूं ही सब करते हैं बहाना दिल का
खेल है ये जाना-पहचाना दिल का
छोड़ो भी ये राग पुराना दिल का

Saturday, February 3, 2018

गापुची-गापुची गम-गम

गापुची-गापुची गम-गम
किशिकी-किशिकी कम-कम
ओ सनम! हम दोनों साथ रहे जनम-जनम

फूलों जैसा चेहरा, डाली जैसा तन है
तेरी ही अमानत, हर धड़कन है
आ भी जा! बाहों में, प्यार का हो संगम

जादू भरी आंखें, ख्वाबों के खजाने
महकी-महकी साँसे, बातें हैं तराने
आ भी जा! बाहों में, प्यार का हो संगम

जागे-जागे अरमान, भीगा-भीगा मौसम
दिलों की ये हलचल, बूंदों की ये छम-छम
आ भी जा! बाहों में, प्यार का हो संगम

Friday, January 19, 2018

ओ सजना, बरखा बहार आई

(ओ सजना, बरखा बहार आई
रस की फुहार लाई, अँखियों मे प्यार लाई) – 2
ओ सजना

तुमको पुकारे मेरे मन का पपिहरा – 2
मीठी मीठी अगनी में, जले मोरा जियरा
ओ सजना …

(ऐसी रिमझिम में ओ साजन, प्यासे प्यासे मेरे नयन
तेरे ही, ख्वाब में, खो गए) – 2
सांवली सलोनी घटा, जब जब छाई – 2
अँखियों में रैना गई, निन्दिया न आई
ओ सजना …

फ़िल्म: परख / Parakh (1960)
गायक/गायिका: लता मंगेशकर
संगीतकार: सलिल चौधरी
गीतकार: शैलेंद्र सिंह
अदाकार: मोतीलाल, साधना, वसंत चौधरी

Sunday, December 31, 2017

नाचे मन मोरा मगन

नाचे मन मोरा मगन तिक-दा-धीगी-धीगी
बदरा घिर आए, रुत है भीगी-भीगी
नाचे मन-मोरा मगन...

कुहू के कोयलिया, कहीं दूर पपीहा पुकारे
झूला झूलें सखियाँ, कि घर आजा बालम हमारे
घिर आए, बदरा घिर आए, रुत है भीगी-भीगी
नाचे मन-मोरा मगन...

यहीं रुक जाए, ये शाम आज ढलने ना पाए
टूटे ना ये सपना, कोई अब मुझे ना जगाए
घिर आए, बदरा घिर आए, रुत है भीगी-भीगी
नाचे मन-मोरा मगन...

छुप-छुप ऐसे में, कोई मधुर गीत गाए
गीतों के बहाने, छुपी बात होंठों पे आए
घिर आए, बदरा घिर आए, रुत है भीगी-भीगी
नाचे मन-मोरा मगन...

Movie/Album: मेरी सूरत तेरी आँखें (1963)
Music By: एस.डी.बर्मन
Lyrics By: शैलेन्द्र
Performed By: मो.रफ़ी

Tuesday, December 19, 2017

प्रभु तेरो नाम

प्रभु तेरो नाम, जो ध्याये फल पाये
सुख लाये तेरो नाम
तेरी दया हो जाये तो दाता
जीवन धन मिल जाये
सुख लाये तेरो नाम

तू दानी, तू अंतर्यामी
तेरी कृपा हो जाये तो स्वामी
हर बिगड़ी बन जाये
जीवन धन मिल जाये
सुख लाये तेरो नाम

बस जाये मोरा सूना अंगना
खिल जाये मुरझाया कंगना
जीवन में रस आये
जीवन धन मिल जाये
सुख लाये तेरो नाम

इक परदेशी दूर से आया

इक परदेशी दूर से आया लड़की पर हक अपना जताया घर वालों ने हामी भर दी परदेशी की मर्ज़ी कर दी | प्यार के वादे हुए ना पूरे रह गए सारे ख्वाब अधू...