Sunday, July 21, 2019

तुझको मेरा प्यार पुकारे

इन हवाओं में, इन फ़िज़ाओं में
तुझको मेरा प्यार पुकारे
आजा! आजा रे! तुझको मेरा प्यार पुकारे
रुक ना पाऊं मैं, खिचती आऊं मैं
दिल को जब दिलदार पुकारे

लौट रही हैं मेरी सदाएं, दीवारों से सर टकरा के
हाथ पकड़कर चलने वाले, हो गए रुख़सत हाथ छुड़ा के
उनको कुछ भी याद नहीं है, अब कोई सौ बार पुकारे

इल्म नहीं था इतनी जल्दी ख़त्म फ़साने हो जाएंगे
तुम बेगाने बन जाओगे, हम दीवाने हो जाएंगे
कल बाहों का हार मिला था, आज अश्कों का हार पुकारे

लूट के मेरे दिल की दुनिया प्यार के झूले झूलने वाले !
पत्थर बनकर यूं चुप क्यूं है, कुछ तो कह ओ भूलने वाले!
इक पुरानी याद बुलाए, इक टूटा इकरार पुकारे
आजा आजा रे, तुझको मेरा प्यार पुकारे
आजा! आजा रे! तुझको मेरा प्यार पुकारे।

इक परदेशी दूर से आया

इक परदेशी दूर से आया लड़की पर हक अपना जताया घर वालों ने हामी भर दी परदेशी की मर्ज़ी कर दी | प्यार के वादे हुए ना पूरे रह गए सारे ख्वाब अधू...